भारतीय सैनिकों के अदम्य साहस, अटूट राष्ट्रभक्ति, अनुशासन और सर्वोच्च बलिदान का गौरवशाली पर्व कारगिल विजय दिवस : ऋतु खंडूड़ी
कोटद्वार। जिला सैनिक कल्याण एवं पुनर्वास कार्यालय लैंसडाउन द्वारा आयोजित कारगिल विजय दिवस बड़े उत्साह, गर्व और देशभक्ति के माहौल में मनाया गया। कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि विधानसभा अध्यक्ष एवं स्थानीय विधायक द्वारा प्रतिभाग किया गया। इस अवसर पर उपस्थितजनों द्वारा शहीदों के सर्वोच्च बलिदान को नमन करते हुए उनके प्रति अपनी कृतज्ञता व्यक्त की गई। कार्यक्रम में वीर नारियों व पूर्व सैनिकों को सम्मानित किया गया।
नगर निगम के प्रेक्षागृह में आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ कारगिल युद्ध के अमर शहीदों को श्रद्धासुमन अर्पित कर किया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खण्डूडी भूषण ने कहा कि कारगिल विजय दिवस केवल एक ऐतिहासिक विजय का प्रतीक नहीं, बल्कि भारतीय सैनिकों के अदम्य साहस, अटूट राष्ट्रभक्ति, अनुशासन और सर्वोच्च बलिदान का गौरवशाली पर्व है। उन्होंने कहा कि वर्ष 1999 में भारतीय सेना ने अत्यंत विषम परिस्थितियों में अद्वितीय वीरता का परिचय देते हुए दुश्मनों को परास्त कर तिरंगे की आन, बान व शान को अक्षुण्ण बनाए रखा।
उन्होंने कहा कि यह कारगिल विजय प्रत्येक भारतीय के लिए गर्व और प्रेरणा का विषय है। इसलिए प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है कि वह उनके त्याग और बलिदान का सम्मान करे। उन्होंने कहा कि शहीद अपने साहस और बलिदान के कारण सदैव राष्ट्र की चेतना में अमर रहते हैं। उन्होंने कहा कि वीर नारियों और शहीद परिवारों का धैर्य, त्याग और राष्ट्र के प्रति समर्पण भी उतना ही प्रेरणादायी है, जितना हमारे सैनिकों का शौर्य। उन्होंने युवाओं से आह्वान करते हुए कहा कि वह देशभक्ति, अनुशासन, कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्रसेवा की भावना को अपने जीवन का आधार बनाएं तथा देश के गौरव और विकास में सक्रिय भूमिका निभाएं।
कार्यक्रम में ब्रिगेडियर बीएस नेगी द्वारा कारगिल युद्ध की पृष्ठभूमि, भारतीय सेना द्वारा दुर्गम पहाड़ियों पर लड़े गए युद्ध, सैनिकों के अदम्य साहस तथा आपरेशन विजय की सफलता की विस्तृत जानकारी दी गई। उन्होंने कहा कि कारगिल युद्ध भारतीय सेना के अद्वितीय शौर्य, रणनीतिक कौशल और अटूट मनोबल का स्वर्णिम अध्याय है। उन्होंने युवाओं से राष्ट्र प्रेम, अनुशासन और देश सेवा की भावना को आत्मसात करने का आह्वान किया। कार्यक्रम के दौरान विभिन्न विद्यालयों के विद्यार्थियों ने देशभक्ति गीतों एवं सांस्कृतिक नृत्य प्रस्तुतियों के माध्यम से उपस्थित जनसमूह को भाव विभोर कर दिया। उनकी प्रस्तुतियों ने पूरे सभागार में राष्ट्रभक्ति का वातावरण बना दिया।

इस अवसर पर कारगिल युद्ध के अमर शहीदों की वीर नारियों रेखा देवी धर्मपत्नी शहीद नायक हरेन्द्र सिंह मेसन (इंजीनियर रेजीमेंट), राजी देवी धर्मपत्नी शहीद राइफलमैन उदल सिंह (गढ़वाल राइफल्स), दयावती देवी धर्मपत्नी शहीद नायक सुरेन्द्र सिंह (गढ़वाल राइफल्स), रामेश्वरी देवी धर्मपत्नी शहीद राइफलमैन भरत सिंह (गढ़वाल राइफल्स), नीता रावत धर्मपत्नी शहीद राइफलमैन भरत सिंह (नागा रेजीमेंट), ऊषा देवी धर्मपत्नी शहीद नायक अनिल सिंह (पैरा रेजीमेंट), जीत देवी धर्मपत्नी शहीद हवलदार मदन सिंह (गढ़वाल राइफल्स), कविता बिष्ट धर्मपत्नी शहीद लांस नायक सुरमन सिंह (सेना मेडल, गढ़वाल राइफल्स), राजेश्वरी देवी धर्मपत्नी शहीद राइफलमैन बलवीर सिंह (गढ़वाल राइफल्स), पिंकी ध्यानी धर्मपत्नी शहीद राइफलमैन अनुसूया प्रसाद, वीर चक्र (गढ़वाल राइफल्स) के अलावा पूर्व सैनिकों को शाल, स्मृति चिन्ह एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के उपरांत विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खण्डूडी भूषण ने वीर नारियों एवं पूर्व सैनिकों के साथ प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ का सामूहिक श्रवण किया। कार्यक्रम के दौरान आयोजित हिंदी निबंध प्रतियोगिता एवं पेंटिंग प्रतियोगिता के विजेता विद्यार्थियों को भी सम्मानित किया गया। हिंदी निबंध प्रतियोगिता में कु. याशी नेगी प्रथम, कु. ज्योति कंडवाल द्वितीय तथा कु. लावण्या चौधरी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। वहीं पेंटिंग प्रतियोगिता में कु. कविता प्रथम, आयुष कोरीवाल द्वितीय तथा अतिव कोरीवाल तृतीय स्थान पर रहे।
कार्यक्रम में जिलाध्यक्ष राज गौरव नौटियाल, ब्रिगेडियर बीएस नेगी, कर्नल बीबी ध्यानी, कर्नल कुंवर अजय सिंह, लेफ्टिनेंट कर्नल बीएस गुंसाई, विंग कमांडर बीएस रावत, ग्रुप कैप्टन शिव प्रसाद सती, कैप्टन शिवम सती, कैप्टन गजेंद्र मोहन धस्माना, कैप्टन श्रीधर प्रसाद, मेजर जगदीश प्रसाद, सूबेदार मेजर गोपाल दत्त जखमोला, सूबेदार मेजर कुलदीप रावत, सूबेदार मेजर सतीश चंद्र जोशी, सूबेदार मेजर केसर सिंह बिष्ट, कैप्टन हसवंत सिंह, हवलदार कुबेर जलाल सहित बड़ी संख्या में पूर्व सैनिक, वीर नारियां, गणमान्य नागरिक, अधिकारीगण, शिक्षक तथा विद्यार्थियों समेत स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
